ज़मीं पर हो पैर
जीने के लिए
हकीक़त से रूबरू हो
ये सपने
जो बुने हैं भविष्य
के अपने !
जीने के लिए
हकीक़त से रूबरू हो
ये सपने
जो बुने हैं भविष्य
के अपने !
ज़मीं पर हो पैर
जीने के लिए
हकीक़त से रूबरू हो
ये सपने
जो बुने हैं भविष्य
के अपने !